कभी शाम ढले, Kabhi Shaam Dhale Lyrics in Hindi

Rate this post

Kabhi Shaam Dhale Lyrics in Hindi

गीत कभी शाम ढले तो मेरे दिल में आ जाना
भाषा हिन्दी
गायक मोहम्मद फ़ैज
गीतकार हनी बनी
संगीत जानी

 

Kabhi Shaam Dhale Lyrics in Hindi

हो..हो..हो..हो..हो..हो..
हाआ..आ..आ..आ..
 
कभी शाम ढले तो मेरे दिल में आ जाना
ओ लगे गम गले तो मेरे दिल में आ जाना
मेरे घर जलाने वाले सुन मेरी
ओ तेरा घर जले तो मेरे दिल में आ जाना
मगर आना इस तरह से के फिर लौट के ना जाना

ओ कभी शाम ढले तो मेरे दिल में आ जाना
ओ लगे गम गले तो मेरे दिल में आ जाना
ओ मेरे घर जलाने वाले सुन मेरी
तेरा घर जले तो मेरे दिल में आ जाना
मगर आना इस तरह से के फिर लौट के ना जाना
हो..हो..हो..हो..हो..हो..हो..

 

जब तेरे अपने भी तुझे छोड़ के जाएगे
और पानी में मिलाके तुझे जहर पिलायेगे
ओ जब तेरे अपने भी तुझे छोड़ के जाएगे 
और पानी में मिलाके तुझे जहर पिलायेगे
वही हाथ काटेगा तेरे जो हाथ मिलाएगे 
जिन्हे जान जान कहते हो वही जान ले जाएगे
कोन अपना है तेरा कोन पराया
ओ ये ना पता चले तो मेरे दिल में आ जाना
मगर आना इस तरह से के फिर लौट के ना जाना
 

ओ कभी शाम ढले तो मेरे दिल में आ जाना
ओ लगे गम गले तो मेरे दिल में आ जाना
ओ मेरा घर जलने वाले सुन मेरी
ओ तेरा घर जले तो मेरे दिल में आ जाना
मगर आना इस तरह से के फिर लौट के ना जाना

आ..आ..आ..आ..आ..आ..आ..
आ..आ..आ..आ..आ..आ..आ..
आ..आ..आ..आ..आ..आ..आ..
 
 
Thankyou….🙏🙏🙏
 

Leave a Comment